पेंड़ न हो सका तो खाद हो जाऊंगा

 

कोशिश है की भूखा न रहें कोई

अपनी छांव मे रखना चाहूँ सबको

बहुत खराब मौसम है जहां का.

देना चाहूँ शीतल सी हवा सबको

मुझे संभाल कर रखना प्यारे

में पेड़ न भी हो सका तो खाद हो जाऊंगा

मे मिट कर भी उपजाऊँ मृदा हो जाऊँगा

सुर्य 

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